गुजरात ATS का बड़ा ऑपरेशन, जैश-ए-मोहम्मद के 8 संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार
अहमदाबाद: आतंकवाद के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) से जुड़े 8 संदिग्ध आतंकियों को गुजरात और मध्य प्रदेश से गिरफ्तार किया है। ATS का दावा है कि ये सभी आरोपी गुजरात में संगठन का नेटवर्क खड़ा करने और भविष्य में बड़ी आतंकी साजिश को अंजाम देने की तैयारी में जुटे थे। कोर्ट ने सभी आरोपियों को पूछताछ के लिए 14 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। 🚔⚖️
🔍 गुजरात और मध्य प्रदेश में एक साथ छापेमारी
ATS को लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियों और खुफिया एजेंसियों से इनपुट मिल रहे थे। इसके बाद गुजरात और मध्य प्रदेश के अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी कर इस बड़े ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से आपत्तिजनक जिहादी साहित्य भी बरामद किया गया है। 📚🚨
जांच एजेंसियां अब आरोपियों के मोबाइल फोन, लैपटॉप, सोशल मीडिया गतिविधियों और वित्तीय लेनदेन की गहन जांच कर रही हैं।
👥 गिरफ्तार किए गए संदिग्ध
ATS द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है—
🔹 अहमद अब्दुल्ला गाजीवाला उर्फ अबू उबैदा (19 वर्ष)
🔹 इब्राहिम मोहम्मद हुसैन घाघा उर्फ अबू हमजा (30 वर्ष)
🔹 मुदस्सिर अब्दुल्ला गाजीवाला उर्फ अबू आया (22 वर्ष)
🔹 जकारिया दुरानी मोहम्मद अम्मार घाघा उर्फ जकारिया पालनपुरी (21 वर्ष)
🔹 मुफ्ती फौजान इस्माइल दौवा उर्फ मुफ्ती साहब (40 वर्ष)
🔹 मोहम्मद अमीन शेरा उर्फ अमीन पालनपुरी (21 वर्ष)
🔹 मोहम्मद अब्दुल रहमान सावदी उर्फ अबू उनीसा (22 वर्ष)
🔹 बिलाल दुरानी मोहम्मद अम्मार घाघा उर्फ उमर बिन खत्ताब (18 वर्ष)
🕌 मदरसों और अलग-अलग जिलों से जुड़े तार
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपी गुजरात के बनासकांठा जिले के पालनपुर के रहने वाले हैं। वहीं कुछ के पाटन और नवसारी स्थित मदरसों से जुड़े होने की जानकारी मिली है। इसके अलावा एक आरोपी मध्य प्रदेश के देवास का निवासी बताया गया है।
💰 फंडिंग और नेटवर्क की जांच तेज
ATS अब यह पता लगाने में जुटी है कि—
✅ इन आरोपियों के बीच संपर्क कैसे स्थापित हुआ?
✅ इन्हें आर्थिक सहायता (फंडिंग) कहां से मिल रही थी?
✅ इनके नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं?
✅ क्या देश के अन्य राज्यों में भी इनके सहयोगी सक्रिय हैं?
जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ने और संभावित साजिश का पता लगाने के लिए कई केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर काम कर रही हैं। 🔎
⚖️ 14 दिन की रिमांड
सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने उन्हें 14 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया। इस दौरान ATS उनसे पूछताछ कर संगठन के नेटवर्क, फंडिंग, संपर्क सूत्रों और संभावित आतंकी योजनाओं के बारे में जानकारी जुटाएगी।
🇮🇳 सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
गुजरात ATS ने आरोपियों के खिलाफ आतंकी संगठन से संबंध, राष्ट्रविरोधी गतिविधियों और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं और यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं यह नेटवर्क देश के अन्य हिस्सों तक तो नहीं फैला है।