संसद सत्र से पहले सियासी भूचाल: TMC-UBT में बड़ी टूट, NCPI की एंट्री
🇮🇳 नई दिल्ली | विशेष रिपोर्ट
मानसून सत्र शुरू होने से ठीक पहले देश की राजनीति में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। 🏛️ लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने TMC और शिवसेना (UBT) से अलग हुए सांसदों के नए दलों में विलय को औपचारिक मंजूरी दे दी है। इसके बाद नेशनलिस्ट सिटिजन्स पार्टी ऑफ इंडिया (NCPI) को सर्वदलीय बैठक में शामिल होने का आधिकारिक निमंत्रण भेजा गया है। 📩
📌 क्या बदला?
✅ TMC के 20 सांसद NCPI में शामिल
✅ शिवसेना (UBT) के 6 सांसद शिंदे गुट में शामिल
✅ स्पीकर की मंजूरी के बाद नई व्यवस्था लागू
📊 लोकसभा में नया समीकरण
🔹 NCPI अब लोकसभा की 5वीं सबसे बड़ी पार्टी बन गई है।
🔹 TMC की संख्या 28 से घटकर 8 रह गई। 📉
🔹 शिवसेना (UBT) अब सिर्फ 3 सांसदों तक सिमट गई।
🔹 एकनाथ शिंदे की शिवसेना के सांसदों की संख्या बढ़कर 13 हो गई। 📈
👥 NCPI ने घोषित की संसदीय टीम
👤 सदन के नेता: सुदीप बंद्योपाध्याय
👤 उपनेता: शताब्दी रॉय
👤 मुख्य सचेतक (Chief Whip): काकोली घोष दस्तीदार
🤝 सर्वदलीय बैठक में बुलावा
स्पीकर से मान्यता मिलने के बाद संसदीय कार्य मंत्रालय ने सुदीप बंद्योपाध्याय और काकोली घोष दस्तीदार को रविवार की सर्वदलीय बैठक के लिए आमंत्रित किया है। 📨
🪷 NDA की बैठक का नया नाम
अब NDA संसदीय दल की बैठक “मंगल मिलन” के नाम से जानी जाएगी। 🤝
🗓️ 21 जुलाई 2026 को संसद भवन में पहली “मंगल मिलन” बैठक आयोजित होगी, जिसमें NCPI भी गठबंधन के प्रमुख सहयोगी दल के रूप में शामिल होगी।
📍 मानसून सत्र से पहले हुए इस घटनाक्रम ने संसद की सियासी तस्वीर बदल दी है।