सीमांत गांवों में चमकेगा विकास का उजाला: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड को नई रफ्तार
उत्तराखंड राज्य में विकास की गूंज अब सीमांत गांवों तक सुनाई देने लगी है। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी 🙏 के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” के मंत्र को साकार करते हुए राज्य सरकार ने कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं, जो न केवल राज्य की आंतरिक संरचना को मजबूत कर रहे हैं, बल्कि दुर्गम और सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के जीवन स्तर को भी ऊंचा उठा रहे हैं।
मुख्यमंत्री के नेतृत्व में चल रही विकास योजनाएं इस बात का प्रमाण हैं कि उत्तराखंड अब केवल पर्यटन और तीर्थाटन का प्रदेश ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा, ग्रामीण विकास और तकनीकी सशक्तिकरण का भी उदाहरण बनता जा रहा है। 🏞️🔧🛡️
⚡ सीमांत क्षेत्रों तक पहुंचेगी बिजली – “विकास के अंतिम व्यक्ति तक” 🌐
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में उत्तराखण्ड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPCL) ने दुर्गम व सीमावर्ती क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है। यह योजना केंद्र सरकार की बॉर्डर आउट पोस्ट (BOP) योजना और वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम 🇮🇳 के तहत लागू की जा रही है।
🔌 योजना के मुख्य बिंदु:
- पिथौरागढ़, उत्तरकाशी और चमोली जिलों के 43 आईटीबीपी चौकियों और 8 सीमांत गांवों में पहली बार ग्रिड आधारित बिजली पहुंचेगी।
- इन गांवों में नवी, कुट्टी, गूंजी, गरबयांग, शीला, बलिंग, तिडांग (पिथौरागढ़) और पुराली (उत्तरकाशी) प्रमुख रूप से शामिल हैं।
- कुल 882 घरों में बिजली कनेक्शन स्थापित किए जाएंगे।
📍 वर्तमान में लाइन रूट निर्धारण, पोल लोकेशन, तकनीकी सर्वे और ट्रांसफार्मर प्लानिंग जैसे कार्य युद्धस्तर पर चल रहे हैं। UPCL की टीमें विषम परिस्थितियों में भी कार्यरत हैं, ताकि जल्द से जल्द बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।
👨💼 UPCL के प्रबन्ध निदेशक ने बताया कि यह योजना केवल रोशनी नहीं लाएगी, बल्कि सीमावर्ती क्षेत्रों में राष्ट्रीय सुरक्षा, शिक्षा 🎓, स्वास्थ्य 🏥, डिजिटल कनेक्टिविटी 📡 और रोजगार 💼 जैसे क्षेत्रों में भी परिवर्तन की बयार लाएगी।
🛣️ सड़कों और पुलों के निर्माण को मिली नई गति
राज्य सरकार ने सड़कों और पुलों के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए बड़ी योजनाएं स्वीकृत की हैं। इससे ग्रामीणों को आवागमन में राहत मिलने के साथ-साथ पर्यटन को भी नया बढ़ावा मिलेगा। 🧳🚘
📌 स्वीकृत योजनाएं:
- ✅ नैनीताल जनपद के विकासखंड बेतालघाट में दूनीखाल से रातीघाट (पाडली) तक मोटर मार्ग निर्माण हेतु ₹505.71 लाख स्वीकृत।
- ✅ रुद्रप्रयाग जनपद के अगस्त्यमुनि ब्लॉक में खांकरा-छातीखाल मोटर मार्ग (किमी 01 से 05) की मरम्मत व सुदृढ़ीकरण हेतु ₹444.66 लाख।
- ✅ नैनीताल जनपद के कालाढूंगी विधानसभा क्षेत्र में निहाल नदी पर 24 मीटर विस्तार RCC पुल के निर्माण हेतु ₹319.20 लाख की स्वीकृति।
🚜 इन निर्माण कार्यों से न केवल यातायात सुगम होगा, बल्कि स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी प्राप्त होंगे।
💰 पेंशनर्स और कर्मचारियों को बड़ी राहत – महंगाई भत्ते में वृद्धि 📈
राज्य सरकार ने निगमों, उपक्रमों और निकायों में कार्यरत सातवें वेतनमान प्राप्त कर्मचारियों और पेंशनर्स को बड़ी राहत देते हुए महंगाई भत्ते में वृद्धि की घोषणा की है।
📢 मुख्य बिंदु:
- दिनांक 01.01.2025 से महंगाई भत्ता 53% से बढ़ाकर 55% किया जाएगा।
- यह निर्णय राज्य के हजारों कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए वित्तीय सहारा बनेगा।
👵👴 पेंशनर्स संगठनों ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय उनके जीवन पर सकारात्मक प्रभाव डालेगा।
🏢 प्रशासनिक ढांचे को सुदृढ़ करने की पहल
मुख्यमंत्री श्री धामी ने जनपद अल्मोड़ा में थाना देघाट के प्रशासनिक भवन के निर्माण कार्य हेतु ₹475.25 लाख की स्वीकृति दी है। 👮♂️
इससे क्षेत्र की कानून व्यवस्था सुदृढ़ होगी और नागरिकों को पुलिस प्रशासन से बेहतर सेवाएं प्राप्त होंगी।
📊 रणनीतिक सलाहकार समिति की बैठक – आर्थिक और सामाजिक विकास की दिशा तय
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में रणनीतिक सलाहकार समिति की महत्वपूर्ण बैठक मुख्यमंत्री आवास में संपन्न हुई। इस बैठक का उद्देश्य राज्य के समग्र विकास को रणनीतिक दिशा देना था।
🧠 बैठक में उपस्थित प्रमुख सदस्य:
- श्री आर मीनाक्षी सुंदरम (प्रमुख सचिव)
- पूर्व मुख्य सचिव श्री शत्रुघ्न सिंह
- श्री इंदु कुमार पांडे
- श्री मनु गौड़

🗣️ मुख्यमंत्री ने कहा, “यह समिति राज्य की नीतिगत दिशा को मजबूती देगी और नवाचार व प्रभावी कार्यान्वयन की नींव रखेगी।” यह बैठक राज्य के सामाजिक और आर्थिक भविष्य के लिए मील का पत्थर साबित होगी।
🛤️ “धामी मॉडल” की झलक – हर कोने तक पहुंचेगा विकास
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का नेतृत्व अब “धामी मॉडल” के रूप में उभर रहा है, जहां योजनाओं की घोषणा के साथ उनका समयबद्ध क्रियान्वयन भी सुनिश्चित किया जा रहा है।
🌐 सीमांत गांवों तक बिजली
🚜 ग्रामीण सड़कों का विकास
💵 कर्मचारियों को आर्थिक राहत
🏛️ प्रशासनिक मजबूती
🧭 नीति निर्धारण की स्पष्ट दिशा
इन सभी पहलुओं ने उत्तराखंड को विकास की नई ऊँचाइयों की ओर अग्रसर किया है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड अब तेजी से “विकसित राज्य” की ओर अग्रसर है। सीमावर्ती क्षेत्रों से लेकर शहरों तक, हर नागरिक तक विकास पहुंचाने की जो प्रतिबद्धता सरकार ने दिखाई है, वह न केवल राज्य के वर्तमान को सशक्त बना रही है, बल्कि भावी पीढ़ियों के लिए भी सुनहरा भविष्य तैयार कर रही है। 🌟🇮🇳