सरकार का बड़ा फैसला – 2025-26 में गन्ने से एथेनॉल उत्पादन पर नहीं रहेगा कोई रोक
नई दिल्ली : भारत सरकार ने एथेनॉल आपूर्ति वर्ष (ESY) 2025-26 के लिए ऐतिहासिक फैसला लिया है। अब चीनी मिलों और डिस्टिलरियों को गन्ने के रस, शुगर सिरप, बी-हैवी मोलेसेस (BHM) और सी-हैवी मोलेसेस (CHM) से बिना किसी प्रतिबंध के एथेनॉल उत्पादन की अनुमति होगी। 🌱➡️⛽
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग (DFPD) की ओर से जारी परिपत्र के मुताबिक, यह कदम ईंधन में एथेनॉल मिश्रण को बढ़ावा देने और घरेलू खपत के लिए पर्याप्त चीनी उपलब्ध कराने की दिशा में उठाया गया है। 🏭
सरकार का कहना है कि एथेनॉल उत्पादन और चीनी उपलब्धता की स्थिति की समय-समय पर समीक्षा की जाएगी। इसके लिए DFPD और पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय (MoPNG) मिलकर काम करेंगे, ताकि देश में ऊर्जा सुरक्षा के साथ-साथ चीनी की आपूर्ति पर कोई असर न पड़े। ⚡🇮🇳
किसानों और देश को होगा फायदा 🌾👨🌾
इस फैसले से किसानों को गन्ने की बेहतर कीमत और नई आय का स्रोत मिलेगा। वहीं, देश की कच्चे तेल पर निर्भरता घटेगी और पर्यावरण को भी लाभ होगा। 🌍
भारत का लक्ष्य 2030 तक पेट्रोल में 20% एथेनॉल मिश्रण (E20) हासिल करना है। सरकार का यह फैसला उस लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। 🚀
कुल मिलाकर
➡️ किसानों को अतिरिक्त आमदनी
➡️ देश को ऊर्जा सुरक्षा
➡️ पर्यावरण को मिलेगा संरक्षण