जनता के मसीहा सीएम पुष्कर सिंह धामी ने इगास पर्व पर रुद्रप्रयाग में आपदा प्रभावित परिवारों से की भावनात्मक मुलाकात, माताओं-बहनों संग साझा किया भोजन
देवभूमि उत्तराखंड में आज लोकपर्व इगास (बूढ़ी दिवाली) के शुभ अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी रुद्रप्रयाग पहुंचे, जहाँ उन्होंने आपदा प्रभावित परिवारों से भेंट की और उनका कुशलक्षेम जाना। 🙏
मुख्यमंत्री धामी ने माताओं और बहनों से आत्मीय संवाद करते हुए उन्हें फल एवं उपहार भेंट किए 🍎🎁। इसके बाद उन्होंने परिवारों के साथ बैठकर भोजन करने का भी सौभाग्य प्राप्त किया 🍛। यह दृश्य न केवल संवेदनाओं से भरा था, बल्कि एक बेटे के रूप में अपने प्रदेशवासियों के प्रति सच्चे लगाव का प्रतीक भी था।

सीएम धामी ने कहा, “एक पुत्र की भाँति माताओं से मिला आशीर्वाद और बहनों का विश्वास मेरे लिए नई ऊर्जा लेकर आया है। देवभूमि के सर्वांगीण विकास हेतु मैं आजीवन समर्पित रहूँगा।” 💪
उन्होंने कहा कि राज्य की सेवा करते हुए जो स्नेह, विश्वास और अपनापन जनता से मिलता है, वही उनकी सबसे बड़ी पूंजी है। ❤️ मुख्यमंत्री ने माताओं-बहनों को यह विश्वास दिलाया कि “आपका दुःख मेरा अपना दुःख है, और आपके चेहरे पर मुस्कान लाना ही मेरे जीवन का सबसे बड़ा ध्येय है।” 🌸
इगास पर्व पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ दीं और कहा कि यह पर्व हमारी संस्कृति, लोकपरंपरा और पारिवारिक एकता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि जब समाज अपनी जड़ों से जुड़ा रहता है, तभी उत्तराखंड की आत्मा जीवित रहती है। 🌄

इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक श्री भारत सिंह चौधरी भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह दौरा केवल प्रशासनिक नहीं, बल्कि एक जनसेवक के दिल की आवाज है। 💬
स्थानीय महिलाओं ने मुख्यमंत्री का स्वागत दीप प्रज्वलित कर और पारंपरिक गीतों से किया 🪔🎶। कई महिलाओं की आंखों में भावुकता थी, पर उनमें उम्मीद भी थी — कि उनके मुख्यमंत्री हमेशा उनके साथ खड़े हैं।

रुद्रप्रयाग का यह दृश्य एक जनसेवक और जनता के बीच अटूट रिश्ते का प्रतीक बन गया। 🌿 मुख्यमंत्री धामी ने यह साबित कर दिया कि वे केवल एक प्रशासक नहीं, बल्कि जनता के मसीहा हैं, जो हर खुशी-दुख में अपने लोगों के साथ रहते हैं। 💖